बलौदाबाजार। नगर में जमीन के सौदे और निवेश के नाम पर करोड़ों रुपये की कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। पूर्व मुतवल्ली अब्दुल हैदर पर दर्जनों लोगों से करीब 10 करोड़ रुपये लेने और इसके बाद परिवार सहित फरार होने के आरोप हैं। मामले में अब तक सिटी कोतवाली में दो शिकायतें हुई हैं, जबकि पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी हुई है।
सूत्रों से प्राप्त जानकारी अनुसार सिटी कोतवाली में निश्चल जैन ने 25 लाख रुपये तथा संजय कॉलोनी निवासी रजनी साहू ने 10 लाख 61 हजार रुपये की कथित ठगी की शिकायत की है। इन्हीं शिकायतों के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू कर आरोपी की तलाश तेज कर दी है।
पुलिस के अनुसार, शिकायतों की संख्या बढ़ने पर कथित ठगी की रकम और पीड़ितों की संख्या और अधिक सामने आ सकती है। कई लोगों ने कथित तौर पर बिना पर्याप्त दस्तावेज के केवल विश्वास के आधार पर रकम दी थी, जिसके चलते वे अब तक शिकायत करने से बच रहे हैं।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, शहर के दो कपड़ा व्यापारियों और एक ऑटो पार्ट्स व्यवसायी से ही करीब पौने दो करोड़ रुपये लिए जाने की बात सामने आई है। वहीं मिक्सी, चूल्हा और गैस रिपेयरिंग का कारोबार करने वाले एक व्यापारी से करीब 30 लाख रुपये लेने का आरोप है।
आरोप है कि लोगों को जमीन के फायदे वाले सौदे और जल्द रजिस्ट्री कराने का भरोसा दिया गया, लेकिन बाद में न जमीन मिली और न रकम वापस हुई।
अब्दुल हैदर के पूर्व मुतवल्ली होने के कारण समाज में उसकी पहचान और विश्वास का लाभ उठाने का भी आरोप है। भाटापारा के एक व्यक्ति सहित सोहेल, मुस्ताक, शोहराब और अय्यूब समेत कई लोगों की जमा पूंजी जमीन दिलाने के नाम पर लिए जाने की बात सामने आई है।
कोकड़ी ग्राम के सरपंच राजेश्वर बंजारे के अनुसार, उन्होंने जमीन के सौदे के लिए 12 लाख 50 हजार रुपये दिए थे। आरोप है कि इसके बदले उन्हें कोरे चेक दिए गए। कई बार रजिस्ट्री कराने की बात कहने के बावजूद दस्तावेज तैयार होने का हवाला दिया जाता रहा। रजिस्ट्रार कार्यालय बुलाए जाने के बाद भी कागजात अधूरे बताए गए।
सूत्रों अनुसार मामले में एक और चौंकाने वाला आरोप सामने आया है। अब्दुल हैदर ने जिस मकान में परिवार के साथ रहने की बात बताई जाती है, उसे भी करीब 35 लाख रुपये में बेचने और खरीदार को कब्जा देने का आरोप है। बाद में खरीदार को पता चला कि मकान पहले से एचडीएफसी बैंक में ऋण के एवज में गिरवी रखा हुआ था।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, पूर्व में आरोपी के मोबाइल की लोकेशन जम्मू-कश्मीर में मिली थी। फिलहाल तकनीकी माध्यमों से आरोपी की तलाश की जा रही है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और शिकायतें बढ़ने पर कथित धोखाधड़ी का पूरा दायरा सामने आ सकता है।