बलौदाबाजार । जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बलौदाबाजार द्वारा नालसा (डॉन नशा मुक्त भारत के लिए ड्रग आवेयर्नस एण्ड वेलनस नेविगशन) योजना, 2025 के अंतर्गत जिला एवं सत्र न्यायालय, बलौदाबाजार में पैरा लीगल वालेंटियर्स एवं न्यायालय में उपस्थित पक्षकारों के लिए विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। नालसा की डॉन योजना का उद्देश्य नशीली दवाओं के दुरुपयोग की रोकथाम, विधिक जागरूकता, नशामुक्ति एवं पुनर्वास सेवाओं तक पहुँच तथा प्रभावित व्यक्तियों एवं उनके परिवारों को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराना है।
शिविर में मुख्य वक्ता माननीय मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट श्री गिरीश पाल सिंह रहे। उन्होंने नशीले पदार्थों के सेवन एवं दुरुपयोग से होने वाले कानूनी, सामाजिक एवं पारिवारिक दुष्प्रभावों के संबंध में उपस्थितजनों को विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने नशे से दूर रहने, युवाओं एवं समाज के कमजोर वर्गों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने तथा आवश्यकता पड़ने पर नशामुक्ति एवं पुनर्वास सेवाओं से जुड़ने के महत्व पर प्रकाश डाला।
इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बलौदाबाजार के सचिव माननीय आलोक पाण्डेय द्वारा भी डॉन योजना के उद्देश्यों एवं विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा उपलब्ध कराई जाने वाली निःशुल्क विधिक सहायता, विधिक परामर्श एवं आवश्यक सहयोग के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। उन्होंने पैरा लीगल वालेंटियर्स को निर्देशित किया कि वे अपने कार्यक्षेत्र में नशे से प्रभावित व्यक्तियों एवं उनके परिवारों को उपलब्ध विधिक एवं पुनर्वास संबंधी सेवाओं की जानकारी प्रदान करते हुए संबंधित विभागों एवं संस्थाओं के साथ समन्वय स्थापित करें।
शिविर के दौरान उपस्थित पैरा लीगल वालेंटियर्स एवं न्यायालय आए पक्षकारों को नशीली दवाओं के सेवन से होने वाले दुष्प्रभावों, विधिक प्रावधानों, नशामुक्ति एवं पुनर्वास संबंधी सहायता तथा निःशुल्क विधिक सेवाओं के संबंध में जागरूक किया गया।
कार्यक्रम में लगभग 50 व्यक्तियों ने सहभागिता कर लाभ प्राप्त किया। शिविर का उद्देश्य नशे के विरुद्ध जन-जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ प्रभावित व्यक्तियों को विधिक सहायता, परामर्श एवं पुनर्वास की उपलब्ध सुविधाओं से जोड़ना रहा।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बलौदाबाजार द्वारा डॉन अभियान के माध्यम से आमजन को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करते हुए नशामुक्त, स्वस्थ एवं सुरक्षित समाज के निर्माण की दिशा में निरंतर विधिक जागरूकता गतिविधियां संचालित की जा रही हैं।