बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस की बेहतरीन विवेचना का परिणाम: नाबालिग बालिका से दुष्कर्म के आरोपी को 20 साल का कठोर कारावास
विवेचना अधिकारी निरीक्षक हेमंत पटेल की मजबूत पैरवी व वैज्ञानिक साक्ष्यों से आरोपी दोषसिद्ध
माननीय अपर सत्र न्यायाधीश (पॉक्सो कोर्ट) भाटापारा ने आरोपी सुरेन्द्र जांगड़े उर्फ रेन्चो को सुनाई 20 वर्ष की सख्त सजा व अर्थदंड
नाबालिग का अपहरण कर जबरन दुष्कर्म करने वाले आरोपी को मिली कड़ी सजा
तकनीकी साक्ष्य, वैज्ञानिक रिपोर्ट (FSL) व समयबद्ध चालान से पीड़िता को मिला त्वरित न्याय
बलौदाबाजार l जिला बलौदाबाजार-भाटापारा में महिलाओं एवं बालिकाओं के विरुद्ध होने वाले गंभीर अपराधों पर त्वरित एवं कठोर कार्रवाई के तहत थाना हथबंद पुलिस को न्यायिक स्तर पर बड़ी सफलता मिली है। नाबालिग बालिका का अपहरण कर, उसके सांथ दुष्कर्म करने वाले आरोपी को माननीय अपर सत्र न्यायालय, भाटापारा (पीठासीन अधिकारी: श्री सतीश कुमार जायसवाल) द्वारा 20 वर्ष के कठोर कारावास एवं अर्थदंड की सजा से दंडित किया गया है।
घटना का विवरण एवं प्राथमिकी :- दिनांक 29.03.2024 को थाना हथबंद क्षेत्रांतर्गत ग्राम से 15 वर्ष 07 माह की नाबालिग बालिका अचानक लापता हो गई थी। प्रार्थी की रिपोर्ट पर थाना हथबंद में अपराध क्रमांक 72/2024 धारा 363 भादवि के तहत अपराध पंजीबद्ध कर जांच प्रारंभ की गई। दिनांक 02.04.2024 को अपहृता/पीड़िता को सकुशल दस्तयाब कर पूछताछ की गई, जिसमें पीड़िता ने आरोपी सुरेन्द्र जांगड़े उर्फ रेन्चो द्वारा बहला-फुसलाकर ले जाने तथा उसके सांथ दुष्कर्म होने की बात बताई, जिस पर प्रकरण में धारा 366, 376(2)(n), 376(3) भादवि तथा 5(L)/6 पॉक्सो एक्ट जोड़ी गई।
विवेचना अधिकारी निरीक्षक हेमंत पटेल की उत्कृष्ट एवं वैज्ञानिक विवेचना :- विवेचना अधिकारी निरीक्षक हेमंत पटेल द्वारा प्रकरण में अत्यंत सूक्ष्मता एवं वैज्ञानिक पद्धति से साक्ष्य संकलन किया गया:
1. वैज्ञानिक एवं फोरेंसिक साक्ष्य: पीड़िता एवं आरोपी का डॉक्टरी परीक्षण कराकर वैज्ञानिक साक्ष्य परीक्षण कराया गया।
2. तकनीकी एवं डिजिटल साक्ष्य: आरोपी का मोबाइल जप्त कर, तकनीकी विश्लेषण करते हुए आरोपी की घटनास्थल पर उपस्थिति व संपर्क के पुख्ता प्रमाण जुटाए गए।
3. समयबद्ध चालान प्रस्तुत: पर्याप्त कानूनी व परिस्थितिजन्य साक्ष्य संकलित कर महज दो माह के भीतर (दिनांक 06.06.2024 को) माननीय न्यायालय के समक्ष अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया।
माननीय न्यायालय का फैसला एवं सजा का विवरण :- प्रकरण में शासन की ओर से विशेष लोक अभियोजक संजय बाजपेयी द्वारा प्रभावी एवं सशक्त पैरवी की गई। माननीय अपर सत्र न्यायाधीश (पॉक्सो) भाटापारा द्वारा विचारण उपरांत प्रकरण में आए साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर आरोपी सुरेन्द्र जांगड़े उर्फ रेन्चो को दोषसिद्ध पाया गया और दिनांक 03.08.2026 को निम्नलिखित सजा सुनाई गई:
1. धारा 5(L)/06 पॉक्सो एक्ट 2012: 20 वर्ष का कठोर कारावास एवं ₹500/- अर्थदंड (अदा न करने पर 50 दिवस का अतिरिक्त कारावास)।
2. धारा 366 भा.दं.सं.: 05 वर्ष का कठोर कारावास एवं ₹100/- अर्थदंड (अदा न करने पर 10 दिवस का अतिरिक्त कारावास)।
3. धारा 363 भा.दं.सं.: 03 वर्ष का कठोर कारावास एवं ₹100/- अर्थदंड (अदा न करने पर 10 दिवस का अतिरिक्त कारावास)।
विशेष दांडिक (पॉक्सो) प्रकरण क्रमांक: 36/2024
थाना अपराध क्रमांक: 72/2024
आरोपी का नाम- सुरेन्द्र जांगड़े उर्फ रेन्चो, उम्र 23 वर्ष, निवासी सासाहोली, थाना तिल्दा, जिला रायपुर